India Mornings
India Morning
Global News Portal
Saturday, March 14, 2026
Loading latest news...
News14 March 20267 views

महाराष्ट्र फ्रीडम ऑफ रिलिजन बिल 2026: कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई बोले– “संविधान के खिलाफ है ऐसा कानून”

R
Rutuja
Published in General
महाराष्ट्र फ्रीडम ऑफ रिलिजन बिल 2026: कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई बोले– “संविधान के खिलाफ है ऐसा कानून”

महाराष्ट्र फ्रीडम ऑफ रिलिजन बिल 2026 पर कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई ने उठाए सवाल। बोले– ऐसा कानून संविधान के खिलाफ और सुप्रीम कोर्ट में टिकना मुश्किल।

मुंबई: महाराष्ट्र विधानसभा में पेश किए गए महाराष्ट्र फ्रीडम ऑफ रिलिजन बिल 2026 को लेकर राज्य की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई ने इस प्रस्तावित कानून पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस तरह के कानून संविधान की भावना के खिलाफ हैं और सुप्रीम कोर्ट में टिक नहीं पाएंगे।

उन्होंने कहा कि अगर धर्म परिवर्तन जबरन कराया जाता है तो वह अलग मामला है, लेकिन किसी व्यक्ति को यह अधिकार है कि वह किस धर्म को अपनाना चाहता है और अपनी धार्मिक पहचान कैसे रखे।

क्या कहा हुसैन दलवाई ने मुंबई में मीडिया से बातचीत में

दलवाई ने कहा कि भारत का संविधान हर नागरिक को यह अधिकार देता है कि वह अपनी धार्मिक पहचान और आस्था को लेकर स्वतंत्र निर्णय ले सके। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति टोपी पहने या न पहने, दाढ़ी रखे या नहीं, या बुर्का पहने या नहीं—ये सभी व्यक्तिगत स्वतंत्रता के मुद्दे हैं। दलवाई ने यह भी कहा कि अगर ऐसा कानून पहले से मौजूद होता, तो बाबासाहेब आंबेडकर को भी धर्म परिवर्तन के दौरान काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता।

क्या है महाराष्ट्र फ्रीडम ऑफ रिलिजन बिल 2026

महाराष्ट्र सरकार द्वारा पेश किया गया यह बिल कथित तौर पर जबरन, लालच देकर या धोखे से कराए जाने वाले धर्म परिवर्तन को रोकने के उद्देश्य से लाया गया है। सरकार का कहना है कि यह कानून उन मामलों पर रोक लगाएगा जहां किसी व्यक्ति को दबाव या प्रलोभन देकर धर्म बदलने के लिए मजबूर किया जाता है।

बिल के प्रमुख प्रावधान

प्रस्तावित कानून में कई सख्त नियम शामिल किए गए हैं:

* धर्म परिवर्तन करने से पहले संबंधित व्यक्ति को 60 दिन पहले जिला प्रशासन को सूचना देनी होगी

* धर्म परिवर्तन के बाद निर्धारित समय में उसका पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा

* यदि धर्म परिवर्तन जबरन, धोखे या प्रलोभन से कराया गया पाया जाता है तो कठोर सजा और जुर्माने का प्रावधान होगा

* कुछ मामलों में अपराध को गैर-जमानती श्रेणी में रखा जा सकता है

विपक्ष ने उठाए सवाल

विपक्षी दलों और कई सामाजिक संगठनों ने इस बिल पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि इससे नागरिकों के धार्मिक स्वतंत्रता के अधिकार और व्यक्तिगत निर्णय पर असर पड़ सकता है। विपक्ष का आरोप है कि इस तरह के कानून का इस्तेमाल अंतरधार्मिक विवाह और व्यक्तिगत धार्मिक चुनावों को प्रभावित करने के लिए किया जा सकता है।

सरकार का पक्ष

राज्य सरकार का कहना है कि यह बिल किसी की धार्मिक स्वतंत्रता को सीमित करने के लिए नहीं बल्कि जबरन धर्म परिवर्तन की घटनाओं को रोकने के लिए लाया गया है।सरकार के मुताबिक यह कानून उन मामलों में कार्रवाई सुनिश्चित करेगा जहां धर्म परिवर्तन में दबाव, धोखा या आर्थिक लालच शामिल हो।

आगे क्या होगा

फिलहाल यह बिल महाराष्ट्र विधानसभा में पेश किया गया है। चर्चा और संशोधनों के बाद इसे पारित किया जा सकता है।

अगर दोनों सदनों से यह बिल पास हो जाता है तो इसके बाद इसे राज्यपाल की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। इसके बाद ही यह कानून के रूप में लागू हो सकेगा।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि यह कानून लागू होता है तो इसकी वैधता को अदालत में चुनौती दिए जाने की भी संभावना है।

Tags:#Maharashtra Freedom of Religion Bill 2026#Hussain Dalwai Congress#Maharashtra politics news#Anti Conversion Law Maharashtra#Religious Freedom India

Want to Grow Your Business?

Partner with India Morning and reach thousands of readers daily.

Contact us for Ads
Email: indiamorning01@gmail.com

Recommended Stories

मकरसंक्रांतीच्या आनंदावर विरजण; वैनगंगा नदीत बुडून विद्यार्थ्याचा दुर्दैवी मृत्यू

मकरसंक्रांतीच्या सणानिमित्त नदीवर फिरायला गेलेल्या एका १६ वर्षीय विद्यार्थ्याचा वैनगंगा नदीच्या पात्रात बुडून मृत्यू झाल्याची हृदयद्रावक घटना बुधवार रोजी दुपारी १ वाजेच्या सुमारास घडली. क्षितिज लिलाधर लांजेवार असे मृत विद्यार्थ्याचे नाव असून तो तुमसर तालुक्यातील तामसवाडी येथील रहिवासी होता.

Jan 14, 2026
52
Read More →

सीमेपलीकडचं युद्धही वास्तव; नागपुरातून राजनाथ सिंह यांचा ठाम इशारा

संरक्षण मंत्री राजनाथ सिंह यांच्या नागपूर दौऱ्यात नितीन गडकरी यांची भेट, खासगी संरक्षण उद्योगांवर सरकारचा विश्वास अधोरेखित

Jan 19, 2026
114
Read More →

First-Ever Sunday Budget: Sitharaman to Present on Feb 1

Finance Minister Nirmala Sitharaman will present the Union Budget 2026-27 on Sunday, February 1, marking the first-ever Sunday budget in India.

Jan 9, 2026
65
Read More →
Contact us for Ads: indiamorning01@gmail.com
महाराष्ट्र फ्रीडम ऑफ रिलिजन बिल 2026: कांग्रेस नेता हुसैन दलवाई बोले– “संविधान के खिलाफ है ऐसा कानून” - India Morning