नासिक, नासिक स्थित TATA Consultancy Services (TCS) से जुड़े एक बीपीओ में कथित यौन उत्पीड़न और जबरन धार्मिक परिवर्तन के मामलों में नया मोड़ सामने आया है। चौथी पीड़िता ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उसकी शिकायतों को न सिर्फ नजरअंदाज किया गया, बल्कि उसे “मामला छोड़ देने” के लिए दबाव भी बनाया गया।
“सुर्खियों में क्यों आना चाहती हो, मामला छोड़ दो”
पीड़िता के मुताबिक, जब उसने मामले को आगे बढ़ाने की कोशिश की, तो एचआर और ऑपरेशनल मैनेजर अश्विनी चैनानी ने कथित तौर पर उससे कहा—“तुम क्यों सुर्खियों में आना चाहती हो? इसे जाने दो, मामला छोड़ दो।”
इंडक्शन से शुरू हुआ उत्पीड़न
पीड़िता ने बताया कि मई 2023 में इंडक्शन ट्रेनिंग के दौरान आरोपी रज़ा मेमन ने उससे संपर्क करना शुरू किया।
वह उसे Microsoft Teams पर निजी बातचीत के लिए कहता और इस बात को “सख्ती से गुप्त रखने” का दबाव बनाता था।
नई नौकरी के दबाव में पीड़िता ने शुरुआत में शिकायत नहीं की, लेकिन समय के साथ आरोपी का व्यवहार गंभीर होता गया।
पीछा करना, छेड़छाड़ और जबरन बातचीत
पीड़िता के अनुसार:
• आरोपी उसका पीछा करता था
• अवांछित शारीरिक संपर्क करता था
• बार-बार बातचीत के लिए मजबूर करता था
• असहज तरीके से घूरता था
शिकायत के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
जून 2023 में जब उसने अपने मैनेजर और टीम लीडर से शिकायत की, तो कार्रवाई के बजाय उसे सलाह दी गई—
• “अकेले मत रहो”
• “ग्रुप में रहो”
आरोपी के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
अफवाहें फैलाकर बदला लेने का आरोप
पीड़िता का आरोप है कि शिकायत के बाद आरोपी ने उसके खिलाफ अफवाहें फैलानी शुरू कर दीं और उसके निजी जीवन को लेकर गलत बातें फैलाईं।
शादी के बाद भी जारी रहा उत्पीड़न
नवंबर 2025 में शादी के बाद भी आरोपी का व्यवहार नहीं बदला।
उसने पीड़िता से आपत्तिजनक सवाल किए और निजी जीवन पर टिप्पणी की।
वर्कलोड बढ़ाकर प्रताड़ना
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी और उसके सहयोगियों ने सिस्टम में बदलाव कर उसका वर्कलोड बढ़ा दिया, जिससे उसे हर सेकंड कॉल्स अटेंड करनी पड़ती थीं।
गुड़ी पड़वा पर भी आपत्तिजनक टिप्पणी
19 मार्च 2026 को एक अन्य सहकर्मी शाहरुख पर भी पीड़िता ने आरोप लगाया कि उसने उसके लुक्स पर टिप्पणी की और बाहर जाने का प्रस्ताव दिया।
अब दर्ज कराई कानूनी शिकायत
लगातार अनदेखी से परेशान होकर पीड़िता ने अब आरोपी रज़ा मेमन, शाहरुख और अश्विनी चैनानी के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है।
उसने कहा— “मेरा बयान मराठी में टाइप किया गया है, मैंने इसे पढ़ लिया है और यह पूरी तरह सही है।”

