चंडीगढ़: आम आदमी पार्टी (AAP) छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने के कुछ ही दिनों बाद राज्यसभा सांसद संदीप पाठक की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। सूत्रों के मुताबिक, पंजाब में उनके खिलाफ दो अलग-अलग जिलों में FIR दर्ज की गई हैं। इन मामलों में गैर-जमानती धाराएं लगाई गई हैं, जिससे उनकी गिरफ्तारी की संभावना भी बढ़ गई है।
महिलाओं से उत्पीड़न और भ्रष्टाचार के आरोप
जानकारी के अनुसार, दर्ज मामलों में महिलाओं के उत्पीड़न और भ्रष्टाचार जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। पंजाब पुलिस की एक टीम जांच के सिलसिले में दिल्ली स्थित उनके आवास पर भी पहुंची, हालांकि पुलिस के पहुंचने से पहले ही संदीप पाठक वहां से निकलते हुए देखे गए।
इसी बीच दिल्ली पुलिस भी उनके घर पहुंची और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
AAP छोड़ BJP में शामिल होने के बाद विवाद
संदीप पाठक अप्रैल 2022 से पंजाब से राज्यसभा सांसद हैं और उन्हें Arvind Kejriwal की पार्टी AAP की 2022 पंजाब विधानसभा चुनाव में जीत का प्रमुख रणनीतिकार माना जाता है।
हाल ही में उन्होंने राघव चड्ढा सहित छह अन्य राज्यसभा सांसदों के साथ AAP छोड़कर BJP जॉइन की थी, जिसे पार्टी के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है—खासतौर पर आगामी विधानसभा चुनावों से पहले।
पार्टी छोड़ने पर क्या बोले संदीप पाठक
BJP में शामिल होते वक्त संदीप पाठक ने कहा था कि उनका एकमात्र उद्देश्य देश की सेवा करना है। उन्होंने बताया कि AAP के भीतर काम करना उनके लिए मुश्किल होता जा रहा था, जिसके चलते उन्हें यह निर्णय लेना पड़ा।
उन्होंने 24 अप्रैल को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “मैंने कभी नहीं सोचा था कि ऐसा समय आएगा। मैं 10 साल तक इस पार्टी का हिस्सा रहा। अब मैं AAP से अलग होकर BJP में शामिल हो रहा हूं और अपने सभी पदों से इस्तीफा दे रहा हूं।”
राजनीतिक हलकों में हलचल
इस पूरे घटनाक्रम ने पंजाब और राष्ट्रीय राजनीति में हलचल मचा दी है। एक तरफ AAP के लिए यह बड़ा झटका माना जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ संदीप पाठक के खिलाफ दर्ज FIRs ने राजनीतिक विवाद को और गहरा कर दिया है।



