जेवर (गौतमबुद्ध नगर), देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के प्रथम चरण का उद्घाटन किया। इस अवसर पर राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व केन्द्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य व ब्रजेश पाठक और केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के राम मोहन नायडू सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
करीब 11,200 करोड़ रुपये की लागत से विकसित इस परियोजना के तहत एयरपोर्ट के पहले चरण के साथ एक आधुनिक कार्गो हब का भी उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री मोदी को फिरोजाबाद में निर्मित कांच की गौतम बुद्ध प्रतिमा भेंट की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जेवर एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश के विकास का “रनवे” साबित होगा और इससे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। उन्होंने इस परियोजना के लिए किसानों के योगदान की भी सराहना की।
अधिकारियों के अनुसार, एयरपोर्ट की शुरुआती यात्री क्षमता 1.2 करोड़ प्रति वर्ष होगी, जिसे भविष्य में बढ़ाकर 7 करोड़ तक किया जा सकेगा। वहीं, कार्गो हब की क्षमता 2.5 लाख मीट्रिक टन सालाना रखी गई है, जिसे आगे चलकर 18 लाख मीट्रिक टन तक बढ़ाया जा सकता है।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को सड़क, रेल और मेट्रो से जोड़ते हुए एक मल्टी-मॉडल ट्रांसपोर्ट हब के रूप में विकसित किया गया है। यह दिल्ली-एनसीआर के लिए दूसरे अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के रूप में कार्य करेगा और इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर बढ़ते दबाव को कम करेगा।
प्रशासन के मुताबिक, उद्घाटन कार्यक्रम में लगभग 1.5 लाख लोगों के शामिल होने की संभावना को देखते हुए व्यापक इंतजाम किए गए थे। पार्किंग, ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष तैयारी की गई, वहीं आसपास के जिलों से आने वाले लोगों के लिए कलर कोडिंग प्रणाली भी लागू की गई।
स्थानीय लोगों में इस परियोजना को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। लोगों का मानना है कि एयरपोर्ट शुरू होने से क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, परिवहन सुविधाएं बेहतर होंगी और आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।



