नयी दिल्ली, जामिया मिल्लिया इस्लामिया के कुलपति मजहर आसिफ का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उनके बयान को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। वीडियो में उन्हें यह कहते हुए दिखाया गया है कि “सभी भारतीयों में भगवान महादेव का डीएनए है।”
यह बयान कथित तौर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) द्वारा आयोजित ‘युवा कुंभ’ कार्यक्रम के दौरान दिया गया था। हालांकि, समाचार एजेंसी पीटीआई इस वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं कर सकी है।
क्या कहा था बयान में?
वायरल क्लिप के अनुसार, कुलपति ने कार्यक्रम में कहा कि भारत विविधताओं वाला देश है—यहां लोगों की भाषा, संस्कृति, परवरिश और धर्म अलग-अलग हो सकते हैं। इसके बावजूद, उन्होंने कहा कि “हम सभी भारतीय हैं क्योंकि हमारे डीएनए में महादेव का डीएनए है।” उनके इस कथन के बाद कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों ने तालियों से प्रतिक्रिया दी।
प्रशासन की चुप्पी
इस पूरे मामले पर कुलपति या विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, जबकि मीडिया द्वारा संपर्क करने की कोशिशें की गईं।
छात्रों का विरोध
इस कार्यक्रम को लेकर पहले ही कैंपस में विरोध देखा गया था। कार्यक्रम से एक दिन पहले छात्रों ने आरएसएस से जुड़े आयोजन को अनुमति देने के खिलाफ प्रदर्शन किया था।
अब इस बयान के सामने आने के बाद स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) की जामिया इकाई ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। संगठन ने अपने बयान में कहा कि इस तरह की टिप्पणी एक प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान की वैज्ञानिक और अकादमिक छवि के विपरीत है।
सोशल मीडिया पर बहस तेज
वीडियो के वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर इस बयान को लेकर बहस छिड़ गई है। कई यूजर्स इसे आपत्तिजनक बता रहे हैं, जबकि कुछ लोग इसे सांस्कृतिक संदर्भ में देख रहे हैं।



