मुंबई: राज्य के दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार के कथित विमान हादसे के बाद राजनीतिक गलियारों में लगातार संशय का माहौल बना हुआ है। इस पूरे मामले को लेकर अब एक बड़ा प्रशासनिक और राजनीतिक निर्णय सामने आया है।
शिवसेना शिंदे गुट के नेताओं और विधायकों ने निजी एविएशन कंपनी VSR Ventures Pvt. Ltd. के विमानों का उपयोग न करने की मांग की थी, जिसे उपमुख्यमंत्री Eknath Shinde ने स्वीकार कर लिया है।
बताया जा रहा है कि अब शिंदे गुट के सभी नेता और मंत्री VSR कंपनी के विमानों में यात्रा नहीं करेंगे। यह फैसला हादसे के बाद उठ रहे सवालों और सुरक्षा चिंताओं को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
रोहित पवार ने की सख्त जांच की मांग
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के विधायक Rohit Pawar ने हादसे के बाद VSR Ventures पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के संबंधित अधिकारियों से विस्तृत जांच कराने और कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
उनका कहना है कि इस पूरे मामले में कई तकनीकी और प्रशासनिक खामियां सामने आ रही हैं, जिनकी निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है।
अमोल मिटकरी ने DGCA पर उठाए सवाल
इस बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) के विधायक Amol Mitkari ने भी DGCA की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अन्य विमान हादसों में जांच एजेंसियों ने तुरंत कार्रवाई की, लेकिन VSR कंपनी के मामले में वैसी तत्परता नहीं दिखाई गई।
मिटकरी ने यह भी दावा किया कि हादसे के समय विमान की तकनीकी स्थिति ठीक नहीं थी, जिसे अब स्वीकार किया जा चुका है। साथ ही उन्होंने विमान के पायलट और को-पायलट की भूमिका को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
सुरक्षा चिंताओं के बीच राजनीतिक हलचल तेज
VSR Ventures को लेकर सामने आ रहे लगातार दावों और आरोपों के चलते राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। शिंदे गुट द्वारा कंपनी के विमानों का उपयोग न करने का निर्णय आने वाले समय में इस मामले की जांच और राजनीतिक बहस को और तेज कर सकता है।



