मुंबई: महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुळे ने Zee 24 Taas द्वारा प्रसारित कथित ‘ऑपरेशन खैरात’ स्टिंग ऑपरेशन पर कड़ी नाराज़गी जताई है। बुधवार शाम 7 बजे टेलीकास्ट हुए इस कार्यक्रम को लेकर मंत्री ने आरोप लगाया कि इसमें उनका और राजस्व विभाग का नाम बिना किसी ठोस आधार के जोड़ा गया है।
मंत्री बावनकुळे ने कहा कि यह स्टिंग कुछ स्वार्थी तत्वों द्वारा सुनियोजित साजिश का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य राजस्व विभाग और उसके अधिकारियों की छवि को नुकसान पहुंचाना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अधिकारियों को बदनाम करने के लिए जानबूझकर उनका नाम घसीटा गया है, जो पूरी तरह निंदनीय है।
Zee 24 Taas पर 100 करोड़ रुपये के मानहानि दावे का ऐलान
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए चंद्रशेखर बावनकुळे ने Zee 24 Taas के खिलाफ 100 करोड़ रुपये का मानहानि मुकदमा दायर करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि चैनल के खिलाफ दीवानी और आपराधिक कार्रवाई भी की जाएगी।
मंत्री ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि भ्रामक और झूठी जानकारी प्रसारित करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
सरकारी रिकॉर्ड का हवाला, किसी तरह के हस्तक्षेप से इनकार
सरकारी दस्तावेजों का हवाला देते हुए मंत्री बावनकुळे ने कहा कि इस प्रकरण में उन्होंने न तो कोई निर्णय लिया है और न ही अपने अर्ध-न्यायिक अधिकारों का उपयोग किया है।
उन्होंने बताया कि पंजीयन एवं मुद्रांक महानिरीक्षक (IGR) ने पूरी प्रक्रिया कानून के दायरे में रहकर, विस्तृत विचार-विमर्श के बाद अपनाई है।
अधिकारियों पर दबाव बनाने का आरोप
मंत्री ने आरोप लगाया कि इस कथित स्टिंग ऑपरेशन के जरिए अधिकारियों पर अनुचित दबाव बनाने की कोशिश की गई है। उनके मुताबिक, ‘ऑपरेशन खैरात’ कार्यक्रम कानूनी प्रक्रिया के प्रति अज्ञानता और भ्रम फैलाने वाला है।
अंत में उन्होंने कहा कि इस तरह के दबाव तंत्र और मीडिया ट्रायल का सभी स्तरों पर विरोध किया जाना जरूरी है, ताकि प्रशासनिक निष्पक्षता और कानून व्यवस्था बनी रहे।

